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Main Akhri Savior Hoon

Hidden War Lord Victor 18 saal baad M City aata hai aur ek jhoothe abortion paper ki wajah se alag hui apni patni Daisy aur beti Lily se milta hai. Zombie attack ke beech, usey dhoke aur Logan ki army ka samna karna padta hai taaki wo Odin ko hara sake. Jhooth ka parda-faash karke wo apne parivaar se milta hai, par usey zombie kaat leta hai. Wo khud cure banata hai, ek naya alliance khada karta hai aur poori duniya ko bacha kar apni khushi dhoodh leta hai.
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इस एपिसोड की समीक्षा

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भीड़ का जुनून देखकर रोंगटे खड़े हो गए

जब उस नेता ने अपनी बात कही और पूरी भीड़ ने एक साथ हाथ उठाए, तो मेरी आंखों में आंसू आ गए। ऐसे लग रहा था जैसे सबको आज़ादी मिल गई हो। मेन आखरी सेवियर हूं में यह दृश्य सबसे बेहतरीन है। नेता की आवाज़ में जो दर्द था, वो साफ़ झलक रहा था। नेटशॉर्ट एप्लिकेशन पर यह देखना सच में एक अलग ही अनुभव था, बिल्कुल सिनेमा हॉल जैसा अनुभव आया। मुझे यह पल बहुत याद रहेगा।

सफेद बालों वाले नेता की कमान शानदार

उस सफेद बालों वाले रक्षक का व्यक्तित्व ही कुछ और है। जब उसने मुट्ठियां ऊपर उठाईं, तो पूरा मैदान हिल गया। मेन आखरी सेवियर हूं की कहानी में ऐसे नेता की जरूरत थी। उसकी आंखों में जो चमक थी, वो जीत की उम्मीद दिखा रही थी। सूरज ढलते वक्त का वो दृश्य बहुत ही खूबसूरत था। मैं बारबार यह भाग देख रहा हूं। हर बार नया जोश मिलता है।

छोटी बच्ची और रक्षक का रिश्ता दिल को छू गया

उस जैकेट पहनी लड़की को देखकर लगा जैसे उम्मीद की किरण हो। रक्षक ने उसे जिस तरह से गले लगाया, वो पल देखने लायक था। मेन आखरी सेवियर हूं में ऐसे भावनात्मक पल बहुत कम हैं। बच्ची की मुस्कान ने सबका दर्द कम कर दिया। यह कार्यक्रम सिर्फ एक्शन नहीं, इंसानियत भी दिखाता है। नेटशॉर्ट पर मिली यह श्रृंखला मेरी पसंदीदा बन गई है। सबको जरूर देखना चाहिए।

सल्यूट करने वाले सैनिक की वफादारी

जब हरे वर्दी वाले सैनिक ने सल्यूट किया, तो सम्मान की एक नई परिभाषा बन गई। लगता है उस नेता ने सबका दिल जीत लिया है। मेन आखरी सेवियर हूं में यह छोटी बारीकी बहुत बड़ा संदेश देती है। बिना किसी संवाद के ही सब कुछ समझ आ गया। ऐसे दृश्य बनाकर निर्देशक ने कमाल कर दिया है। मुझे यह शैली बहुत पसंद आया। यह यादगार पल है।

सूरज ढलने का दृश्य बहुत ही मनमोहक था

अंत में जब सूरज ढल रहा था और तीनों एक दूसरे को गले लगा रहे थे, तो माहौल बहुत शांत हो गया। मेन आखरी सेवियर हूं का यह चरमोत्कर्ष उत्कृष्ट था। ऐसा लगा जैसे सब मुसीबतें खत्म हो गई हों। उस लड़की और साथी के बीच का बंधन भी बहुत प्यारा था। नेटशॉर्ट एप्लिकेशन की गुणवत्ता भी इस दृश्य में बहुत साफ़ दिखी। रंग बहुत गहरे थे।

भीड़ के आंसूओं में छिपी कहानी

कई लोग रो रहे थे, कुछ चिल्ला रहे थे। हर चेहरे पर एक अलग कहानी थी। मेन आखरी सेवियर हूं ने दिखाया कि आज़ादी की कीमत क्या होती है। उस नेता ने सिर्फ बातें नहीं की, उसने महसूस कराया। यह कार्यक्रम देखकर मैंने सोचा कि असली नायक कौन होता है। सबके चेहरे के भाव बहुत असली लग रहे थे। दिल को छू गया।

महिला सैनिक का किरदार बहुत मजबूत था

काले कपड़ों वाली सैनिक साथी चुपचाप खड़ी थी, लेकिन उसकी मौजूदगी बहुत भारी थी। मेन आखरी सेवियर हूं में ऐसे किरदारों को जगह मिलनी चाहिए। उसने बिना बोले ही अपनी शक्ति दिखा दी। जब उसने नेता को गले लगाया, तो लगा जैसे परिवार मिल गया हो। यह बराबरी का रिश्ता बहुत अच्छा लगा। शक्ति और कोमलता का संगम।

कहानी में मोड़ की उम्मीद बढ़ गई है

इतने बड़े भावनात्मक दृश्य के बाद अब आगे क्या होगा, यह सोचकर ही रोमांच हो रहा है। मेन आखरी सेवियर हूं की रफ़्तार बहुत तेज है। हर कड़ी में कुछ नया मिल रहा है। नेटशॉर्ट पर लगातार देखने का मज़ा ही अलग है। यह दृश्य देखकर लगता है कि अब असली लड़ाई शुरू होगी। इंतज़ार नहीं हो रहा।

सुरक्षा और उम्मीद का बेहतरीन संगम

रक्षक की वर्दी और भीड़ के कपड़ों में जो फर्क था, वो सब कुछ बता रहा था। मेन आखरी सेवियर हूं में यह दृश्य कथन बहुत अच्छी है। नेता ने सबको एक किया। उसकी आवाज़ में जो दम था, उसने सबको जोड़ दिया। यह कार्यक्रम सिर्फ मनोरंजन नहीं, एक अहसास है। कला बहुत बेहतरीन है।

अंत में मिली शांति बहुत जरूरी थी

इतनी हलचल के बाद जब सब शांत हुए और गले मिले, तो सुकून मिला। मेन आखरी सेवियर हूं ने सही जगह पर विराम लिया। उस नेता की आंखों में भी नमी थी, जो उसकी इंसानियत दिखाती है। नेटशॉर्ट एप्लिकेशन पर यह श्रृंखला देखना मेरा दिन बनाने के लिए काफी है। सबको देखना चाहिए। शांति मिली।