PreviousLater
Close

दर्द और दिल

ईशा वर्मा के परिवार के दिवालिया हो जाने के बाद, वह अपने पहले प्यार जय सिंह से फिर मिलती है, जो अब दुनिया का मशहूर फुटबॉल स्टार बन चुका है। उसने कभी उस दर्द को नहीं भुलाया जो जय ने उसे एक बार दिया था, फिर भी वह उसकी चमक से खुद को दूर नहीं रख पाती।
  • Instagram
इस एपिसोड की समीक्षा

सुबह की शुरुआत धमाकेदार

न्यूज़ स्टूडियो का माहौल देखकर लगता है जैसे दर्द और दिल की कहानी यहीं से शुरू हो रही हो। एंकर की मुस्कान और कैमरे के पीछे की मेहनत दोनों ही दिल को छू लेती हैं। जब वो कागज़ पकड़कर बात करती है तो लगता है सब कुछ प्लान के मुताबिक चल रहा है, पर असली ड्रामा तो अभी बाकी है।

ब्लेजर वाली लड़की का जादू

सफेद ब्लेजर में वो लड़की जब हंसती है तो पूरा स्टूडियो रोशन हो जाता है। दर्द और दिल में ऐसे पल ही तो याद रह जाते हैं। उसकी आंखों में चमक और बात करने का अंदाज़ बिल्कुल प्रोफेशनल लगता है। लगता है वो सिर्फ न्यूज़ नहीं, दिलों की खबरें भी पढ़ रही है।

कंट्रोल रूम की चुप्पी

जब हाथ बटन दबाते हैं और स्क्रीन पर सब कुछ लाइव दिखता है, तो लगता है जैसे दर्द और दिल का हर पल कैद हो रहा हो। वो आवाज़ें, वो लाइटें, सब कुछ इतना रियल लगता है कि लगता है मैं भी वहीं खड़ा हूं। टेक्नोलॉजी और इंसानियत का मिलन यहीं दिखता है।

लाल ब्लेजर वाली एंकर

लाल रंग की ब्लेजर में वो एंकर जब कैमरे की ओर देखती है, तो लगता है जैसे दर्द और दिल की कहानी सीधे दिल में उतर रही हो। उसकी आवाज़ में ठहराव और चेहरे पर विश्वास देखकर लगता है कि वो सिर्फ न्यूज़ नहीं, इमोशन भी बेच रही है।

शाम का शहर और न्यूज़

पीछे शहर की रोशनी और सामने न्यूज़ डेस्क – ऐसा लगता है जैसे दर्द और दिल की कहानी शाम के सूरज के साथ ढल रही हो। वो लड़का जब कागज़ पढ़ता है तो लगता है वो सिर्फ स्क्रिप्ट नहीं, अपनी कहानी पढ़ रहा है।

और भी शानदार समीक्षाएँ (5)
arrow down