इस दृश्य में व्हीलचेयर पर बैठे राजकुमार का आत्मविश्वास देखकर रोंगटे खड़े हो गए। जबकि बाकी दरबारी डरे हुए हैं, वह पंखा हिलाते हुए शांत हैं। मेरी सौतेली माँ एक रानी हैं! में ऐसे पात्र जो शारीरिक रूप से कमजोर लगते हैं पर दिमाग से तेज होते हैं, हमेशा कहानी को रोचक बनाते हैं। उनकी आँखों में छिपी चालाकी साफ दिख रही थी।
सुनहरे वस्त्र पहने उस मोटे मंत्री का चेहरा देखने लायक था। वह बार-बार पसीना पोंछ रहा था और उसकी आँखें फटी की फटी रह गईं। मेरी सौतेली माँ एक रानी हैं! में जब सत्ता का संतुलन बिगड़ता है, तो ऐसे पात्रों की प्रतिक्रियाएं दर्शकों को हंसाती भी हैं और तनाव भी बढ़ाती हैं। उसकी हकलाने की अदा बहुत नेचुरल लगी।
लाल और सुनहरे कपड़ों में सजी वह रानी जब गुस्से में बोलीं, तो पूरा दरबार सन्न रह गया। मेरी सौतेली माँ एक रानी हैं! में महिला पात्रों की यह ताकतवर पेशकश बहुत प्रभावशाली है। उनके गहने और माथे की बिंदी उनकी रौबदार शख्सियत को और भी निखार रहे थे। उन्होंने बिना डरे अपनी बात रखी।
पीछे खड़े कवच पहने सिपाहियों के चेहरे पर सख्ती थी, पर वे कुछ बोल नहीं रहे थे। मेरी सौतेली माँ एक रानी हैं! में युद्ध के मैदान के योद्धाओं का यह शांत रूप अजीब लग रहा था, जैसे वे किसी बड़े हमले की प्रतीक्षा कर रहे हों। उनके हथियार चमक रहे थे और माहौल में भारीपन था।
ताज पहने राजा की आँखों में हैरानी और थोड़ी चिंता साफ झलक रही थी। मेरी सौतेली माँ एक रानी हैं! में जब सत्ताधारी व्यक्ति खुद कन्फ्यूज हो जाए, तो कहानी में एक अलग ही मोड़ आ जाता है। उनके चेहरे के भाव बता रहे थे कि वे इस स्थिति को संभालने के लिए संघर्ष कर रहे हैं।