इस दृश्य में तनाव इतना गहरा है कि सांस लेना मुश्किल हो जाता है। सफेद कोट वाली महिला और काले कोट वाला व्यक्ति जब बात कर रहे होते हैं, तो कमरे का माहौल बर्फ जैसा ठंडा लगता है। लेकिन असली ड्रामा तो उस बुजुर्ग आदमी के चेहरे पर है जो फोटो फ्रेम को घूर रहा है। उसकी आंखों में गुस्सा और बदले की आग साफ दिख रही है। नंबर 1 क्रेज़ी वॉरियर की कहानी में यह मोड़ बहुत ही शानदार है। जब वह फोन उठाता है, तो लगता है कि अब कोई बड़ा धमाका होने वाला है। नेटशॉर्ट ऐप पर ऐसे सीन देखने का मजा ही कुछ और है, क्योंकि हर फ्रेम में एक नया सस्पेंस छिपा होता है।