आर्यन चौहान की मासूमियत देखकर दिल पिघल गया। जब वह रो रहा था तो लगा कोई बच्चा है, पर मिशन खतरनाक है। भूतिया रिश्ते: हर मिशन में अपने ही प्रेत! में ऐसा कॉन्ट्रास्ट कम ही देखने को मिलता है। निशा वर्मा का सपोर्ट भी अच्छा लगा। हॉस्पिटल का माहौल डरावना है पर कहानी में दम है। नेटशॉर्ट पर देखने का अनुभव काफी स्मूथ रहा।
निशा वर्मा का किरदार बहुत स्ट्रॉन्ग है। चश्मे वाली लुक में भी वह खतरनाक लगती हैं। जब उन्होंने आर्यन चौहान को गले लगाया तो वाइब्स बदल गईं। भूतिया रिश्ते: हर मिशन में अपने ही प्रेत! की यही खासियत है कि एक्शन और इमोशन दोनों बैलेंस हैं। हॉन्टेड हॉस्पिटल मिशन में टेंशन बनी रहती है। सीन बहुत ही इमपैक्टफुल थे।
हॉस्पिटल का सेट डिजाइन कमाल का है। लाल रोशनी और टूटी दीवारें डर पैदा करती हैं। सिक्योरिटी भूत कप्तान का एंट्री सीन धमाकेदार था। भूतिया रिश्ते: हर मिशन में अपने ही प्रेत! में हर लेवल पर नया खतरा है। जॉम्बी नर्स का डिजाइन भी यूनिक है। वीडियो क्वालिटी अच्छी है और कहानी में सस्पेंस बना रहता है।
मिशन सिस्टम वाला कॉन्सेप्ट इंटरेस्टिंग है। मेन लाइन और साइड मिशन का फर्क समझ आया। मरीजों से फीस वसूलना वाला टास्क फनी भी है और डरावना भी। भूतिया रिश्ते: हर मिशन में अपने ही प्रेत! में गेमिंग एलिमेंट्स का इस्तेमाल अच्छे से हुआ है। आर्यन चौहान की प्रोग्रेस देखने में मजा आता है।
नर्स वाली कैरेक्टर का लुक बहुत मिस्टीरियस है। सिले हुए मुंह वाला डिजाइन अजीब है पर आकर्षक भी। रिश्ते अनलॉक करने वाला फीचर नया लगा। भूतिया रिश्ते: हर मिशन में अपने ही प्रेत! में फैमिली ट्री भी खतरनाक है। पर्पल हेयर वाली लेडी का प्रेजेंस स्ट्रॉन्ग है। कहानी आगे बढ़ने के साथ और रोचक होगी।
एक्शन सीन्स में जान है। जब दीवार टूटी और कैप्टन निकला तो चौंक गए। निशा वर्मा की फाइटिंग स्टाइल भी शार्प है। भूतिया रिश्ते: हर मिशन में अपने ही प्रेत! में हर एपिसोड में कुछ नया होता है। डर और रोमांच का सही मिश्रण है। नेटशॉर्ट पर क्वालिटी स्ट्रीमिंग का मजा आया।
आर्यन चौहान और निशा वर्मा की केमिस्ट्री देखने लायक है। जब वह डर गया तो निशा ने संभाला। यह डायनामिक कहानी को आगे बढ़ाता है। भूतिया रिश्ते: हर मिशन में अपने ही प्रेत! में रिश्तों की अहमियत है। सिर्फ भूत नहीं, इंसानी जुड़ाव भी दिखाया गया है। एनिमेशन स्टाइल भी आंखों को सुकून देता है।
कहानी की रफ्तार बहुत तेज है। एक मिशन खत्म होते ही दूसरा शुरू। हॉस्पिटल के गलियारे में हर मोड़ पर खतरा है। भूतिया रिश्ते: हर मिशन में अपने ही प्रेत! में बोरियत का नाम नहीं है। सस्पेंस बना रहता है कि आगे क्या होगा। आर्यन चौहान की ताकत क्या है यह जानने की उत्सुकता है।
विजुअल इफेक्ट्स पर खासा ध्यान दिया गया है। बिजली कड़कने वाले सीन में एटमॉस्फियर लाजवाब था। चिबी स्टाइल वाले सीन्स हल्का फुल्का माहौल बनाते हैं। भूतिया रिश्ते: हर मिशन में अपने ही प्रेत! में टोन का बदलाव अच्छा लगता है। गंभीरता और मजाक दोनों का संतुलन है। कुल मिलाकर एक बेहतरीन वीडियो अनुभव।
अंत में जो ट्विस्ट आया वह उम्मीद से बाहर था। रिश्तेदारों की लिस्ट में भूत भी शामिल हैं। यह कॉन्सेप्ट बहुत क्रिएटिव है। भूतिया रिश्ते: हर मिशन में अपने ही प्रेत! देखकर हैरानी होती है कि कहानी कैसे घूमती है। आर्यन चौहान की जर्नी अभी शुरू हुई है। अगले पार्ट का इंतजार रहेगा।