मीटिंग रूम में तनाव इतना था कि हवा भी रुकी हुई लग रही थी। जब वह गुस्से में दरवाजा खोलकर बाहर निकली, तो सबकी सांसें थम गईं। आ गया मिस्टर राइट का यह सीन सच में दिलचस्प है, जहां प्रोफेशनल और पर्सनल लाइन्स धुंधली हो जाती हैं। कॉफी मग वाला मोमेंट और वो चुप्पी, सब कुछ कह रहा था बिना कुछ बोले। नेटशॉर्ट ऐप पर ऐसे ड्रामे देखना एक अलग ही सुकून देता है, जैसे खुद उस कमरे में बैठे हों।