इतने सारे योद्धाओं के बीच अकेला खड़ा होकर चुनौती देना आसान नहीं। डबिंग तलवार के दम पर सरताज में इस कसाई का साहस देखकर रोंगटे खड़े हो जाते हैं। क्या वह सच में इतना ताकतवर है?
शिष्य ने गुरु का अपमान किया और गुरु ने जवाब में उसे मार दिया। डबिंग तलवार के दम पर सरताज में यह दृश्य दिखाता है कि सम्मान से बढ़कर कुछ नहीं होता।
वह लाल रंग का मैदान और बीच में खड़ा अकेला योद्धा। डबिंग तलवार के दम पर सरताज का यह दृश्य इतना तनावपूर्ण है कि सांस लेना मुश्किल हो जाता है।
माँ और बहन को मारने की धमकी देना कितना नीच स्तर है। डबिंग तलवार के दम पर सरताज में यह दिखाता है कि दुश्मन कितना क्रूर हो सकता है।
जब सब कुछ बोल रहे थे, सागर गुरु चुप रहे। डबिंग तलवार के दम पर सरताज में उनकी यह खामोशी सबसे ज्यादा शोर मचा रही थी। क्या वे कुछ सोच रहे थे?