मेलोडी और उनके बीच की केमिस्ट्री देखते ही बनती थी, लेकिन फिर अंदर का नज़ारा दिल तोड़ने वाला साबित हुआ। काई और लिडिया का साथ देखकर मेलोडी की आँखों में जो गहरा दर्द था, वो शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल ने फिर से साबित कर दिया कि धोखा इंसान को कहीं से भी मिल सकता है। ये दृश्य बहुत प्रभावशाली था।
लिडिया ने अपनी सौतेली बहन के साथ इतना बड़ा धोखा किया, ये किसी को उम्मीद नहीं थी। काई का मेलोडी के सामने ही लिडिया के साथ इतना करीब होना बहुत क्रूर था। बालकनी वाला दृश्य और फिर अंदर की कड़वी सच्चाई, सब कुछ बहुत तेज़ी से बदल गया। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल में हर मोड़ पर नया झटका मिलता है। कहानी बहुत रोचक है।
मेलोडी के पिता का व्यवहार देखकर बहुत गुस्सा आ गया। बेचारी लड़की रो रही थी और उन्होंने बिना बात के थप्पड़ मार दिया। क्यों? क्या मेलोडी ने कोई गलती की थी? सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल में परिवार के रिश्ते कितने जटिल दिखाए गए हैं, ये देखकर हैरानी होती है। बहुत भावुक दृश्य था। शक्तिशाली अभिनय।
रात के शहर की रोशनी में बालकनी वाला दृश्य बहुत खूबसूरत था, लेकिन कहानी का मोड़ बहुत दर्दनाक निकला। मेलोडी का भागना और फिर वो सामना, सब कुछ दिल दहला देने वाला था। काई और लिडिया की साजिश साफ़ दिख रही थी। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल में ऐसे नाटक देखने के लिए ये कार्यक्रम सर्वश्रेष्ठ है। दृश्य शानदार हैं।
काई को मेलोडी का पूर्व प्रेमी बताकर फिर लिडिया के साथ दिखाना बहुत बड़ा मोड़ था। मेलोडी की चुप्पी और फिर चीखें, सब कुछ बहुत असली लगा। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल की कहानी में गहराई है जो दर्शकों को बांधे रखती है। अगली कड़ी कब आएगा, सबको इंतज़ार है। कथानक गहरा है।
सफेद पोशाक में मेलोडी की मासूमियत और फिर चेहरे पर आए आंसू, अभिनय बहुत शानदार था। उस शख्स ने उसे रोका लेकिन वो नहीं रुकी। अंदर का नज़ारा देखकर कोई भी टूट जाएगा। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल में लिडिया की चालाकी और काई का साथ, सब कुछ योजनाबद्ध लग रहा था। दिल दुखा देने वाला।
पिता के कमरे का दृश्य बहुत भारी था। मेलोडी को सहारे की जगह थप्पड़ मिला। ये कार्यक्रम दिखाता है कि अमीर घर के राज़ कितने खतरनाक होते हैं। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल में हर किरदार के अपने मकसद हैं। मेलोडी अब क्या करेगी, ये जानना ज़रूरी है। रहस्य बना हुआ है।
लिडिया का लाल पोशाक में रूप और काई के साथ नज़दीकियां, सब कुछ मेलोडी को तंग करने के लिए था। बालकनी वाला शख्स कौन था? क्या वो मेलोडी की मदद करेगा? कहानी में कई सवाल खड़े हो गए हैं। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल में नाटक और प्रेम कहानी का अच्छा मिश्रण है। किरदार गजब के हैं।
मेलोडी की हालत देखकर बहुत बुरा लगा। एक तरफ प्यार का दिखावा और दूसरी तरफ धोखा। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल ने फिर से दर्शकों के दिलों पर राज़ कर लिया है। ऐसे दृश्य देखकर आंसू रोकना मुश्किल हो जाता है। बहुत ही दमदार प्रदर्शन था सभी का। कहानी जबरदस्त है।
अंत में मेलोडी का रोना और पिता का गुस्सा, ये दृश्य लंबे समय तक याद रहेगा। क्या मेलोडी को सच्चाई का पता चल गया था? काई और लिडिया की साजिश अब खुलकर सामने आएगी। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल की रफ़्तार और कहानी बहुत शानदार है। जरूर देखें। अंत रोमांचक है।