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CEO का इच्छा का अनोखा खेलवां51एपिसोड

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CEO का इच्छा का अनोखा खेल

अपने पिता द्वारा एक विकृत व्यक्ति को बेचे जाने से बचने के लिए, बर्बाद वारिस मेलोडी एक सुंदर अजनबी को अपना कौमार्य दे देती है – केवल यह जानने के लिए कि वह अगस्त है, एक उद्योगपति और उसके पूर्व प्रेमी के चाचा। अब वह उसका अपना जुनून बन चुकी है। उस पर एक वर्जित सजा लागू है: पहनना है एक छिपा हुआ सुख उपकरण जबकि वह रिमोट अपने पास रखता है। नियंत्रण के इस खेल में, वह उसे छूने वाले किसी भी व्यक्ति को नष्ट कर देगा।
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इस एपिसोड की समीक्षा

शुरुआत ही धमाकेदार

शुरुआत ही इतनी धमाकेदार कि सांस रुक गई। माथे पर गोली लगने के बाद भी नायक की आंखों में डर नहीं था। फिर अस्पताल में वो पल जब वो दोनों मिले, दिल छू गया। पुलिस ने विलेन को पकड़ लिया और न्याय मिला। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल देखकर लगा कि सच्चा प्यार ही जीतता है। नेटशॉर्ट पर ये ड्रामा जरूर देखें। बहुत ही शानदार एक्टिंग है। सबने दिल जीत लिया।

प्यार की जीत

अस्पताल के उस ऑपरेशन थिएटर में जो डर था, वो बाद में प्यार में बदल गया। जब उसने उसे गले लगाया, सब कुछ ठीक लगा। दुश्मन का अंत हुआ और इनकी कहानी शुरू। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल की ये कहानी बहुत गहरी है। हर मोड़ पर नया ट्विस्ट मिलता है। जोड़ों की केमिस्ट्री देखते ही बनती है। सस्पेंस और रोमांस का बेहतरीन मिश्रण है ये। सबको पसंद आएगा।

सुकून भरा अंत

विलेन के मुंह से खून और पुलिस की गिरफ्तारी देखकर सुकून मिला। कास्टिंग बहुत जबरदस्त है। हर किरदार ने जान डाल दी है। खासकर वो सीन जब वो दोनों रोशनी की ओर चलते हैं। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल में ऐसे ही इमोशनल पल देखने को मिलते हैं। बैकग्राउंड म्यूजिक भी बहुत असरदार था। मैं तो बस देखती ही रह गई। सब कुछ बहुत रियल लगा।

भव्य समारोह

भव्य समारोह वाला सीन बहुत शानदार था। काले लिबास में वो दोनों किसी राजा-रानी जैसे लग रहे थे। मंच पर खड़े होकर जब उसने भाषण दिया, गर्व महसूस हुआ। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल की स्टोरीलाइन बहुत यूनिक है। अमीरी और गरीबी का खेल नहीं, बस प्यार की जीत दिखाई है। फोटोग्राफर्स की भीड़ देखकर लगा ये सितारे बन गए हैं। बहुत खूबसूरत पल थे।

खुशी का पल

शैंपेन का टोस्ट और वो मुस्कान, बस यही तो चाहिए जीवन में। संघर्ष के बाद मिली खुशी की कोई कीमत नहीं होती। इस ड्रामे ने मुझे हंसाया भी और रुलाया भी। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल के फैन मैं जरूर बन गई हूं। एक्टिंग इतनी नेचुरल है कि लगा असली जीवन हो। नेटशॉर्ट पर वीडियो क्वालिटी भी बहुत अच्छी है। मैं बार-बार देखूंगी।

न्याय की जीत

शुरू में लगा सब खत्म हो गया, पर फिर ट्विस्ट आया। पुलिस की एंट्री ने सब बदल दिया। वो विलेन चिल्ला रहा था पर कोई नहीं सुन रहा था। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल में न्याय की जीत होती है। हीरोइन की आंखों में आंसू और फिर खुशी देखकर दिल भर आया। ऐसे ड्रामे कम ही बनते हैं आजकल। बहुत पसंद आया मुझे। सबको देखना चाहिए।

खूबसूरत सिनेमेटोग्राफी

सिनेमेटोग्राफी बहुत खूबसूरत है। अस्पताल की ठंडी रोशनी से लेकर समारोह की गर्माहट तक, सब कुछ सही था। जब वो दोनों हाथ में हाथ डाले चलते हैं, तो लगता है रास्ता आसान हो गया। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल की वजह से मेरा शाम का वक्त अच्छा कटा। हर एपिसोड में नया जुनून है। मैं अगला पार्ट देखने के लिए बेताब हूं। मजा आ गया।

ऑडियंस का रिएक्शन

ऑडियंस का रिएक्शन देखकर मजा आ गया। सब हैरान थे कि ये कैसे मुमकिन हुआ। पर्ल नेकलेस में हीरोइन बहुत खूबसूरत लग रही थी। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल में फैशन और स्टोरी दोनों का ध्यान रखा गया है। डायलॉग बहुत दमदार थे। माइक पर जब वो बोला, तो सन्नाटा छा गया। ऐसे पल बार-बार देखने को मिलें, यही उम्मीद है। शानदार प्रोडक्शन।

बिजनेस और इमोशन

बदला और प्यार की ये कहानी दिल को छू गई। गोली लगने के बाद भी वो बचा, ये चमत्कार ही था। फिर उसने अपनी कंपनी संभाली। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल में बिजनेस और इमोशन का अच्छा बैलेंस है। विलेन की करतूत सबके सामने आई। अब ये जोड़ी हमेशा खुश रहे, यही दुआ है। बहुत ही शानदार प्रोडक्शन है। सबको पसंद आएगा।

यादगार अंत

आखिरी सीन में जब उन्होंने ग्लास टकराए, तो लगा कहानी पूरी हुई। पर दिल चाहता है ये चलती रहे। इतनी खूबसूरत जोड़ी स्क्रीन पर कम ही देखी है। सीईओ का इच्छा का अनोखा खेल ने मेरे दिल में जगह बना ली है। रात के उस सीन में लाइटिंग बहुत प्यारी थी। मैंने अपने दोस्तों को भी ये शो सुझाव दिया है। सबको पसंद आया। बहुत अच्छा।