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खूनी तलवार: एक पिता का इंतकामवां10एपिसोड

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खूनी तलवार: एक पिता का इंतकाम

दुनिया का सबसे बड़ा तलवारबाज़ देवराज चौहान अपनों के धोखे से परिवार खोने के बाद अपनी नवजात बेटी दिव्या के साथ एक जंगल में छिप जाता है। 18 साल बाद, जालिम शासक अमर होने की दवा के लिए लड़कियों को किडनैप करने लगते हैं। घमंडी रुद्र ठाकुर की चाल से दिव्या अधमरी हो जाती है। दुश्मन देवराज को ही कातिल बताकर घेर लेते हैं। जब दिव्या अपने पिता की बाहों में दम तोड़ती है, तो देवराज का दर्द एक खौफनाक गुस्से में बदल जाता है। 18 सालों से खामोश उसकी पुरानी तलवार आज खून पीने के लिए दोबारा उठती है!
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इस एपिसोड की समीक्षा

पिता का क्रोध देखकर रूह कांप गई

जब उसने अपनी बेटी को खून से लथपथ देखा, तो उसकी आंखों में जो आग थी, वह किसी डायलॉग से ज्यादा बोल रही थी। खूनी तलवार: एक पिता का इंतकाम में यह सीन देखकर मैं भी रो पड़ी। उसने दुश्मन को गले से पकड़कर जो गुस्सा दिखाया, वह सिर्फ एक्टिंग नहीं, असली दर्द था। नेटशॉर्ट पर ऐसे इमोशनल सीन्स देखना दिल को छू लेता है।

बेटी की चीख ने बाप को पागल बना दिया

वह लड़की जब जमीन पर गिरकर रो रही थी, और उसके चेहरे पर खून के निशान थे, तो लगा जैसे दुनिया रुक गई हो। खूनी तलवार: एक पिता का इंतकाम में इस सीन ने मेरा दिल तोड़ दिया। पिता का गुस्सा और बेटी की बेबसी — दोनों का टकराव इतना तीव्र था कि सांस रुक गई। नेटशॉर्ट पर ऐसे ड्रामे देखना एडिक्शन बन गया है।

तलवार नहीं, आंसू थे असली हथियार

उसने तलवार नहीं उठाई, बल्कि अपने आंसुओं से दुश्मन को हरा दिया। खूनी तलवार: एक पिता का इंतकाम में यह सीन दिखाता है कि असली ताकत गुस्से में नहीं, प्यार में होती है। जब वह बेटी को गोद में लेकर रोया, तो लगा जैसे पूरा गांव रो रहा हो। नेटशॉर्ट पर ऐसे सीन्स देखकर लगता है कि कहानी जी रही है।

दुश्मन की आंखों में डर साफ दिख रहा था

जब उसने दुश्मन को गले से पकड़ा, तो उसकी आंखों में जो डर था, वह किसी विशेष प्रभाव से ज्यादा असली लग रहा था। खूनी तलवार: एक पिता का इंतकाम में यह सीन दिखाता है कि जब बाप बेटी के लिए लड़ता है, तो दुनिया भी डर जाती है। नेटशॉर्ट पर ऐसे इंटेंस मोमेंट्स देखना मेरा नया शौक बन गया है।

बेटी की सांसें रुक रही थीं, बाप का दिल टूट रहा था

वह लड़की जब सांस लेने के लिए तड़प रही थी, और उसके पिता की आंखों में आंसू थे, तो लगा जैसे समय थम गया हो। खूनी तलवार: एक पिता का इंतकाम में यह सीन इतना इमोशनल था कि मैंने वीडियो रोककर रो लिया। नेटशॉर्ट पर ऐसे ड्रामे देखना दिल को छू लेता है।

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