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भिखारिन बनेगी मालकिनवां1एपिसोड

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भिखारिन बनेगी मालकिन

वसुंधरा असल में स्वप्न ग्रुप की मालकिन है, पर अच्छे लोगों को मौका देने के लिए वह भिखारिन बनकर सड़क पर बैठ जाती है। विहान उसे पैसे देता है, वह उसे पचास लाख का चेक देती है, पर वह ठुकरा देता है। बाद में विहान की माँ उससे गर्लफ्रेंड लाने को कहती है, तो वह वसुंधरा से नकली गर्लफ्रेंड बनने का अनुरोध करता है। वह मान जाती है, और विहान उसे अच्छे कपड़े पहनाकर घर ले जाता है। वहाँ वह उसकी माँ से कहती है कि वह शहर की है और उसके घर कंपनी है – पर यह कंपनी असल में उसकी अपनी होती है।
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इस एपिसोड की समीक्षा

गैरेज की रानी का जलवा

इस वीडियो में जो लड़की कार के नीचे काम कर रही है, उसका आत्मविश्वास देखकर रोंगटे खड़े हो जाते हैं। वह साधारण मैकेनिक नहीं लगती, बल्कि किसी छिपी हुई रेसिंग चैंपियन जैसी दिखती है। जब वह टूल लेकर बाहर निकलती है, तो उसकी आंखों में एक अलग ही चमक है। भिखारिन बनेगी मालकिन जैसी कहानियों में हमेशा एक ट्विस्ट होता है, और यहाँ वह ट्विस्ट यही लड़की है जो अपनी हुनर से सबको हैरान कर देगी।

लाल कोट वाला शैतान

लाल फर कोट पहने इस लड़के का अंदाज देखकर लगता है कि यह गैरेज का मालिक है या कोई बड़ा दांव खेल रहा है। उसकी हरकतें और चेहरे के भाव बता रहे हैं कि वह उस मैकेनिक लड़की को परख रहा है। शायद वह जानता है कि यह लड़की साधारण नहीं है। भिखारिन बनेगी मालकिन वाले प्लॉट में अक्सर एक अमीर और घमंडी किरदार होता है जो बाद में हार मानता है, और यह लड़का बिल्कुल वैसा ही लग रहा है जो अपनी गलती सुधारने वाला है।

रेसिंग का माहौल जबरदस्त

रात के समय जब दोनों कारें रेडी होती हैं और धुएं के बीच से निकलती हैं, तो वह सीन सिनेमाई लगता है। भीड़ का उत्साह और लड़कियों का फ्लैग दिखाना बताता है कि यह कोई आम रेस नहीं है। यह एक इलाके की प्रतिष्ठा का सवाल है। भिखारिन बनेगी मालकिन जैसी स्टोरी में अंत में हमेशा एक बड़ा मुकाबला होता है जहां हीरोइन अपनी काबिलियत साबित करती है, और यह रेस वही पल है जहां सब कुछ तय होने वाला है।

कपड़ों का कंट्रास्ट देखिए

एक तरफ चमकदार कपड़े पहने लड़के और लड़कियां हैं, तो दूसरी तरफ ग्रीस लगी ओवरऑल में वह लड़की है जो असली काम कर रही है। यह विजुअल कंट्रास्ट बहुत गहरा संदेश देता है कि असली ताकत बाहरी चमक में नहीं, हुनर में होती है। भिखारिन बनेगी मालकिन की थीम यहीं फिट बैठती है जहां साधारण दिखने वाला इंसान असल में सबसे ताकतवर निकलता है और सबकी सोच बदल देता है।

टेंशन और ड्रामा का पीक

जब वह लड़का कार के बोनट पर झुककर कुछ कहता है और लड़की शांति से सुनती है, तो उस पल में जो तनाव है वह लाजवाब है। लगता है जैसे शब्दों की जंग छिड़ गई हो। भिखारिन बनेगी मालकिन जैसे ड्रामे में डायलॉग्स से ज्यादा आंखों की भाषा मायने रखती है, और यहां लड़की की चुप्पी सबसे बड़ा जवाब है जो वह उस घमंडी लड़के को दे रही है।

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