इस दृश्य में माँ की आँखों में जो पीड़ा है, वो शब्दों से बयां नहीं होती। बेटे अपने-अपने अहंकार में डूबे हैं, जबकि माँ सबको जोड़ने की कोशिश कर रही है। ठुकराई माँ, छुपा आसमान की कहानी में यह पल सबसे दिल को छू लेने वाला है। हर बेटे का अलग अंदाज़, हर एक की अलग पहचान, लेकिन माँ के लिए सब बराबर हैं।
हर बेटे की पोशाक और बोलचाल से उसकी पहचान झलकती है। कोई रोमन सैनिक बना है, तो कोई फुटबॉल खिलाड़ी, तो कोई अमीर जेंटलमैन। माँ के सामने खड़े होकर भी सबकी सोच अलग-अलग है। ठुकराई माँ, छुपा आसमान में यह विविधता देखकर लगता है कि हर बेटे ने माँ से दूर अपना रास्ता चुना है।
माँ के चेहरे पर जो थकान और उदासी है, वो साफ दिख रही है। बेटे आपस में झगड़ रहे हैं, लेकिन माँ चुपचाप सब सह रही है। लगता है जैसे उसने अपनी पूरी जिंदगी बेटों के लिए कुर्बान कर दी। ठुकराई माँ, छुपा आसमान की यह कहानी हर माँ की कहानी है।
बेटों के बीच जो तनाव है, वो साफ झलक रहा है। हर एक अपने आप को सही साबित करने की कोशिश में है, लेकिन माँ बस शांति चाहती है। ठुकराई माँ, छुपा आसमान में यह दृश्य दिखाता है कि कैसे अहंकार रिश्तों को तोड़ देता है। माँ की आँखों में आँसू हैं, लेकिन वो टूट नहीं रही।
माँ कुछ नहीं बोल रही, लेकिन उसकी चुप्पी में हज़ारों बातें हैं। बेटे चिल्ला रहे हैं, एक-दूसरे को दोष दे रहे हैं, लेकिन माँ बस देख रही है। ठुकराई माँ, छुपा आसमान में यह पल दिखाता है कि माँ कितनी सब कुछ सह सकती है। उसकी आँखों में उम्मीद अभी भी बाकी है।