जब वह उसके बिस्तर के पास बैठी, तो लगा जैसे समय थम गया हो। आँखों में चिंता, हाथों में कंपन, और दिल में वो बात जो कही नहीं गई। सीईओ का प्यार ऐसे ही मौन पलों में पलता है, जहाँ शब्दों की जरूरत नहीं होती। डॉक्टर की एंट्री ने माहौल बदल दिया, पर उनकी नजरें अभी भी एक-दूसरे में खोई थीं।
चोट लगी है, पर अकड़ नहीं गई। वह बिस्तर पर लेटा है, पर नजरें अभी भी उस पर टिकी हैं जो उसके पास बैठी है। सीईओ का प्यार तो ऐसे ही होता है — दर्द में भी मुस्कान, और मुस्कान में भी दर्द। उसकी हर हरकत बता रही है कि वह उसके लिए कितना मायने रखता है, भले ही जुबान से कुछ न कहे।
डॉक्टर ने चेकअप किया, सवाल पूछे, पर दोनों की नजरें एक-दूसरे से नहीं हटीं। सीईओ का प्यार तो ऐसे ही होता है — बाहर से सब नॉर्मल, अंदर तूफान। उसकी मुस्कान देखकर लगा जैसे सब ठीक हो गया हो, भले ही हाथ स्लिंग में हो। यह जोड़ी स्क्रीन पर जादू कर रही है।
कभी-कभी शब्दों की जरूरत नहीं होती। एक नजर, एक मुस्कान, एक छोटी सी हरकत — सब कुछ कह देती है। सीईओ का प्यार ऐसे ही पलों में पलता है। वह उसके पास बैठी है, हाथ जोड़े, आँखों में उम्मीद। वह लेटा है, पर दिल से उसके करीब। यह जोड़ी दिल छू लेती है।
दीवारों पर आई चार्ट, बिस्तर पर सफेद चादर, और बीच में दो दिल जो एक-दूसरे के लिए धड़क रहे हैं। सीईओ का प्यार तो ऐसे ही माहौल में पलता है — जहाँ दर्द हो, पर उम्मीद भी हो। उसकी हर मुस्कान उसे ताकत दे रही है, और उसकी हर नजर उसे संभाल रही है।