गाँव की शांति को तोड़ती हुई वो काली गाड़ियाँ जब आईं, तो सबकी साँसें रुक गईं। आलीशान और मिट्टी की खुशबू का अजीब मेल था। ग्रे सूट वाले के चेहरे पर घबराहट साफ दिख रही थी। गाँव का गौरव श्रृंखला में ऐसा टकराव पहले नहीं देखा। अमीरी और गरीबी की लड़ाई अब शुरू हो गई है। देखने वालों के लिए ये कड़ी किसी धमाके से कम नहीं थी। सब हैरान थे।
अंतिम संस्कार के बीच ये हंगामा दिल दहला देने वाला था। मोमबत्ती की रोशनी में चेहरों का डर साफ झलक रहा था। साधारण कपड़े वाले ने जब लात मारी, तो सन्नाटा छा गया। गाँव का गौरव की कहानी में ये मोड़ बहुत तेज था। किसी को उम्मीद नहीं थी कि बात यहाँ तक आएगी। जज्बातों का ये तूफान अभी थमने वाला नहीं है। बहुत बुरा लगा।
लाल साड़ी वाली लड़की की चीख ने माहौल को और गंभीर कर दिया। उसकी आँखों में गुस्सा और डर दोनों थे। ग्रे सूट वाला जमीन पर गिरा तो लगा कहानी पलट गई। गाँव का गौरव में हर किरदार अपना रंग दिखा रहा है। ये नाटक अब और भी दिलचस्प हो गया है। बस यही उम्मीद है कि आगे क्या होता है। देखना जरूरी है।
काले चश्मे वाले रक्षकों की कतार देखकर ही रौब झलकता था। उनकी वर्दी और अनुशासन गाँव के माहौल से बिल्कुल अलग था। साधारण कपड़े वाले की हिम्मत देख सब हैरान थे। गाँव का गौरव में सत्ता का खेल साफ दिखाई दे रहा है। ताकतवर होने के बावजूद वो डरा नहीं। ये जज्बात ही असली ताकत है। बहुत पसंद आया।
बूढ़ी औरत की तस्वीर के सामने ये सब हो रहा था, ये बहुत दुखद था। परिवार के रिश्तों में दरारें साफ दिख रही थीं। ग्रे सूट वाले की हालत देख तरस आया। गाँव का गौरव में परिवार का बंधन टूटता दिख रहा है। क्या ये सब पैसों के लिए हो रहा है? सवाल बहुत हैं। जवाब मिलने चाहिए।
मिट्टी के रास्ते पर वो चमचमाती गाड़ियाँ बहुत अजीब लग रही थीं। गाँव वाले कोने में छिपकर सब देख रहे थे। उनकी आँखों में सवाल थे। गाँव का गौरव में जमीन से जुड़ाव बहुत गहरा दिखाया गया है। शहर की चमक और गाँव की मिट्टी का संघर्ष जारी है। ये दृश्य बहुत यादगार बन गया। सबने देखा।
तौलिया गले में वाले के आगमन ने सबका ध्यान खींच लिया। उसकी चुप्पी में भी एक आग थी। साधारण कपड़े वाले ने उसे इशारा किया तो माहौल बदल गया। गाँव का गौरव में ये नया किरदार रहस्यमयी लग रहा है। क्या ये दोस्त है या दुश्मन? रहस्य बना हुआ है। देखने में मजा आ रहा है। बहुत अच्छा है।
ग्रे सूट वाले की आँखों में हैरानी साफ पढ़ी जा सकती थी। उसे यकीन नहीं हो रहा था कि ये सब हो रहा है। उसका गिरना और दर्द असली लग रहा था। गाँव का गौरव में अभिनय बहुत दमदार है। हर भाव कहानी कह रहा है। दर्शक भी इसमें खो जाते हैं। ये कलाकारों का कमाल है। सबको पसंद आएगा।
दीवार पर लिखे वो अक्षर और पुराना घर माहौल बना रहे थे। पुरानी यादें और नई दुश्मनी का मिलन था। लाल कपड़े वाली का गुस्सा जायज लग रहा था। गाँव का गौरव में मंच सजावट बहुत अच्छी है। हर चीज कहानी का हिस्सा लगती है। दृश्य कथा बहुत मजबूत है। देखने लायक है।
ये कड़ी देखकर रोंगटे खड़े हो गए। हर पल कुछ नया हो रहा था। संवाद कम थे लेकिन कार्रवाई ज्यादा थी। गाँव का गौरव की रफ्तार बहुत तेज है। बोरियत का नाम नहीं है। अगली कड़ी का बेसब्री से इंतजार है। क्या अब बदला लिया जाएगा? रहस्य बना रहे। सबको देखना चाहिए।