PreviousLater
Close

ज़िद्द का अंजाम

आरव सिंघानिया एक गरीब लड़की नैना वर्मा को घर लाता है और दस साल तक उससे बेहद प्यार करता है, लेकिन उसके अस्थिर स्वभाव के कारण वह सान्या कपूर के साथ धोखा करता है। नैना के गर्भपात पर भी वह उसे छोड़ देता है। पूरी तरह टूट चुकी नैना अपने बीमार भाई के साथ चली जाती है। जब आरव को अपनी गलती का एहसास होता है और वह उसे वापस पाना चाहता है, तब तक बहुत देर हो चुकी होती है।
  • Instagram
इस एपिसोड की समीक्षा

गुस्से से लेकर मातम तक का सफर

ऑफिस में कागज फाड़ने वाला गुस्सा और कब्रिस्तान में टूटा हुआ दिल देखकर रोंगटे खड़े हो गए। वेंग मिंगज़े की मौत के बाद येह हाओयू का बदलाव देखकर लगता है कि ज़िद्द का अंजाम हमेशा बुरा होता है। जब वो कार्ड देता है तो लगता है अब असली खेल शुरू होगा। नेटशॉर्ट ऐप पर ऐसे इमोशनल मोड़ देखना बहुत रोमांचक है।