ऑफिस में तनाव इतना था कि सांस लेना मुश्किल हो गया। सफेद सूट वाले शख्स की आंखों में गुस्सा और बेचैनी साफ दिख रही थी। जब वो दूसरे कमरे में घुसा और उस लड़के को पकड़ लिया, तो लगा जैसे कोई बड़ा राज खुलने वाला हो। पुलिस का आना और फिर फोन पर मैसेज टाइप करना, सब कुछ इतना तेजी से हुआ कि समझ नहीं आया क्या हो रहा है। ज़िद्द का अंजाम देखकर लगता है कि ये कहानी अभी खत्म नहीं हुई है। हर फ्रेम में ड्रामा और सस्पेंस का तड़का था।