जब वह सुनहरी पोशाक पहनकर हॉल में दाखिल हुई, तो सबकी सांसें थम गईं। उसकी आंखों में एक अजीब सी चमक थी, जैसे वह किसी बड़े बदलाव की घोषणा करने आई हो। तलवार का नाद की यह झलक देखकर लगता है कि अब कहानी में बड़ा मोड़ आने वाला है। उसका हर कदम जैसे किसी राज़ को खोल रहा था।
टोपी वाले बुजुर्ग का चेहरा देखकर लगता है कि वह किसी गहरे षड्यंत्र का हिस्सा हैं। जब उन्होंने उंगली उठाई, तो पूरा हॉल सन्न रह गया। तलवार का नाद में ऐसे पात्र ही कहानी को आगे बढ़ाते हैं। उनका हर भावनात्मक विस्फोट दर्शकों को बांधे रखता है।
सफेद जैकेट पहने युवक की चुप्पी सबसे ज्यादा शोर मचा रही है। वह सब कुछ देख रहा है, लेकिन कुछ नहीं कह रहा। तलवार का नाद में ऐसे किरदार अक्सर कहानी की चाबी होते हैं। उसकी आंखों में छिपा दर्द और संकल्प सब कुछ बता रहा है।
सफेद गाउन वाली दुल्हन की मुस्कान के पीछे छिपा दर्द साफ दिख रहा है। वह खुश तो है, लेकिन उसकी आंखें कुछ और ही कहानी कह रही हैं। तलवार का नाद में ऐसे भावनात्मक पल दर्शकों को रोने पर मजबूर कर देते हैं। उसका हर हाव-भाव दिल को छू जाता है।
काले कपड़े और चेहरे पर टैटू वाला व्यक्ति हॉल में एक अलग ही ऊर्जा लाया है। उसकी मौजूदगी से लगता है कि कोई खतरनाक खेल शुरू होने वाला है। तलवार का नाद में ऐसे किरदार हमेशा कहानी में उथल-पुथल मचाते हैं। उसकी चुप्पी सबसे ज्यादा शोर मचा रही है।