इस दृश्य में तनाव साफ महसूस किया जा सकता है। माँ का फोन पर बात करना और बेटे का बेचैन होकर घड़ी देखना बताता है कि कुछ बड़ा होने वाला है। जब वह ऑफिस में काम कर रहा होता है और अचानक एक खूबसूरत लड़की आती है, तो लगता है कहानी में नया मोड़ आने वाला है। सॉरी मिस्टर खन्ना, बच्चा तुम्हारा नहीं जैसे ड्रामे में ऐसे ही ट्विस्ट होते हैं जो दर्शकों को बांधे रखते हैं। नेटशॉर्ट ऐप पर ऐसे सीन देखना बहुत मजेदार लगता है।