रात के उस कमरे में जो नज़ारा था, काश मैं भी देख पाती। हरी साड़ी में वह कितनी सुंदर लग रही थी। झूठी कसम, सच्ची लगन का यह दृश्य दिल को छू गया। उसकी आँखों में डर और प्यार दोनों साफ़ दिख रहे थे। बिस्तर पर बैठे उस शख्स की चुप्पी सब कुछ कह रही थी। बिना किसी संवाद के ही कहानी आगे बढ़ रही है। ऐसे रोमांटिक पल बार बार देखने को मिलें। यह चित्र मुझे बहुत पसंद आया। मुझे यह शैली बहुत भाया।
सुबह का नाश्ता और वह प्यार भरी नज़रें। गुलाबी साड़ी में वह जब सूप लेकर आई, तो माहौल बदल गया। झूठी कसम, सच्ची लगन में खाने का यह दृश्य बहुत खास है। उसके हाथ में पट्टी देखकर लगता है कोई राज़ छिपा है। वह उसे खिला रही है और वह बस देखता रह जाता है। इस खामोशी में भी शोर है। इस जगह पर ऐसे चित्र देखना सुकून देता है। मुझे यह जोड़ी बहुत अच्छी लगी। उनकी आँखों में जो चमक थी वह देखने लायक थी।
सेब काटते वक्त उंगली कट गई, खून की एक बूंद ने सब बदल दिया। झूठी कसम, सच्ची लगन का यह मोड़ बहुत तेज़ था। उसने डरते हुए उंगली दिखाई और वह तुरंत पास आ गया। साधारण चोट नहीं, यह किसी गहरे रिश्ते की शुरुआत लगती है। खून देखकर उसकी आँखों में अलग ही चमक थी। यह नाटक मुझे बहुत पसंद आ रहा है। आगे क्या होगा यह जानना ज़रूरी है। मुझे यह मोड़ बहुत पसंद आया। कहानी में अब नया मोड़ आ गया है। हर पल नया रहस्य लेकर आता है।
जब उसने उसकी उंगली से खून चाटा, तो मेरी सांसें रुक गईं। झूठी कसम, सच्ची लगन में यह सबसे हिम्मत वाला दृश्य है। इतना करीबी पल किसी ने सोचा भी नहीं था। उसकी पकड़ मज़बूत थी और नज़रें गहरी। गुलाबी पोशाक में वह और काले रंग में वह, रंगों का मेल भी कमाल का है। बस यही चाहती हूं कि यह पल रुक जाए। यह पल कभी भुलाया नहीं जा सकता। इस दृश्य ने सबका दिल जीत लिया। ऐसा लगा जैसे समय थम गया हो। मुझे यह पल बहुत याद रहेगा।
बड़ा सा महल और बीच में यह प्यार की कहानी। झूठी कसम, सच्ची लगन का सेट सजावट बहुत अमीराना है। खिड़कियों से आती धूप और मेज़ पर सजा खाना। हर चीज़ में एक अलग ही नशा है। वह दोनों एक दूसरे को देख रहे हैं जैसे दुनिया में कोई तीसरा न हो। ऐसे लक्जरी दृश्य देखकर मन बहल जाता है। बहुत खूबसूरत चित्रण शैली है। देखकर मन खुश हो गया। हर कोने में सजावट देखने लायक है। ऐसी जगह रहने का सपना पूरा हो गया। मुझे यह वातावरण बहुत भाया।