इस शो का तनाव स्तर बहुत ऊंचा है। बूढ़ी महिला के चेहरे पर गुस्सा साफ दिख रहा था जब उसने फोन देखा। लड़का बेचारा फंस गया है बीच में। झूठी कसम, सच्ची लगन की कहानी में ऐसा मोड़ नहीं देखा था। कार्यालय का माहौल और ये छिपने का खेल दिलचस्प है। हर सीन में नया सस्पेंस मिलता है जो दर्शकों को बांधे रखता है। मुझे यह थ्रिलर पसंद आ रहा है।
टेबल के नीचे छिपना कितना जोखिम भरा है पर उस लड़की की मुस्कान सब बता रही है। शायद यह सब उसकी योजना थी। डर के बाद अचानक मुस्कान देख रोंगटे खड़े हो गए। झूठी कसम, सच्ची लगन में किरदारों की गहराई कमाल की है। वह चुपचाप सब सुन रही थी और अब खेल शुरू होगा। ऐसे ट्विस्ट बार बार देखने को मिलते हैं।
युवक की आंखों में चिंता साफ झलक रही थी जब वह कुर्सी पर बैठा था। उसे नहीं पता था कि उसकी मेज के नीचे कोई है। यह अनजाने में पकड़े जाने का डर बहुत अच्छे से दिखाया गया है। झूठी कसम, सच्ची लगन का निर्देशन शानदार है। हर एक्सप्रेशन पर काम किया गया है। मैं हर एपिसोड का बेसब्री से इंतजार करती हूं।
बूढ़ी महिला की डांट और उंगली उठाने का अंदाज बहुत दबंगाना था। लगता है वह घर की मालकिन या बॉस है। लड़के पर उसका रुतबा साफ दिख रहा है। झूठी कसम, सच्ची लगन में पावर डायनामिक बहुत स्पष्ट है। रिश्तों की यह खींचतान देखने लायक है। कौन जीतेगा यह खेल अभी कहना मुश्किल है।
विजुअल्स बहुत सुंदर हैं। रोशनी का इस्तेमाल और शहर का नज़ारा बैकग्राउंड में कमाल लग रहा था। एनिमेशन स्टाइल आधुनिक और आकर्षक है। झूठी कसम, सच्ची लगन की प्रोडक्शन क्वालिटी टॉप नॉच है। रंगों का संयोजन आंखों को सुकून देता है। तकनीकी पक्ष से यह शो बहुत आगे है। मैं इसे बार बार देख सकती हूं। हर फ्रेम एक पेंटिंग जैसा लगता है।