सफेद पोशाक पहने युवक की मुस्कान में एक अजीब सी चालाकी छिपी है। जब वह अपनी उंगली से चमकती गेंद बनाता है, तो लगता है कि वह किसी बड़ी साजिश का हिस्सा है। मदहोशी में तलवार से राक्षस संहार की कहानी में ऐसे मोड़ दर्शकों को बांधे रखते हैं। नीली पोशाक वाला युवक भोला लग रहा है, लेकिन क्या वह सच में बेखबर है? यह सस्पेंस देखने लायक है।
सफेद साड़ी वाली महिला के होंठों से खून बह रहा है, फिर भी वह उस नीले वस्त्र वाले युवक से बात कर रही है। यह दृश्य दिल को छू लेता है। मदहोशी में तलवार से राक्षस संहार में भावनाओं की गहराई बहुत अच्छे से दिखाई गई है। बैंगनी पोशाक वाले व्यक्ति की चिंता साफ झलकती है। क्या यह प्रेम त्रिकोण है या कोई पुराना बदला? हर फ्रेम में एक नया रहस्य छिपा है।
इस दृश्य का सेटिंग बहुत ही शानदार है। प्राचीन चीनी वास्तुकला और लाल झंडे एक गंभीर माहौल बनाते हैं। मदहोशी में तलवार से राक्षस संहार की पृष्ठभूमि में यह जगह किसी प्राचीन संप्रदाय का केंद्र लगती है। पात्रों की पोशाकें और उनके हाथ में तलवारें बताती हैं कि यहाँ कोई बड़ा युद्ध या अनुष्ठान होने वाला है। दृश्य की गहराई दर्शकों को उसी समय में ले जाती है।
नीली पोशाक और ऊनी शॉल वाला युवक बहुत ही मासूम लग रहा है। जब सफेद पोशाक वाला उसे चमकती गेंद देता है, तो उसकी खुशी देखने लायक है। मदहोशी में तलवार से राक्षस संहार में ऐसे पात्र कहानी में जान डालते हैं। वह शायद नहीं जानता कि यह गेंद क्या शक्ति रखती है। उसकी भोली मुस्कान और उत्साह दर्शकों को भी मुस्कुराने पर मजबूर कर देता है।
बैंगनी और सुनहरी पोशाक वाला व्यक्ति किसी उच्च पद पर बैठा लगता है। उसके चेहरे पर चिंता और अधिकार दोनों झलकते हैं। जब वह नीले वस्त्र वाले युवक को समझाता है, तो लगता है कि वह किसी बड़ी जिम्मेदारी को संभाल रहा है। मदहोशी में तलवार से राक्षस संहार में ऐसे पात्र कहानी की रीढ़ होते हैं। उसकी आवाज और हावभाव से लगता है कि वह किसी बड़े संकट को टालने की कोशिश कर रहा है।