जमाल ने अस्पताल के कमरे में ही अपने पारिवारिक रिश्तों को हमेशा के लिए तोड़ दिया था। पर्सी के साथ रिश्ता खत्म करने का घोषणापत्र पर हस्ताक्षर करते वक्त उसकी आंखों में गुस्सा और ठंडक साफ दिख रही थी। माँ की खराब हालत देख कर भी उसने अपना फैसला बदला नहीं था। अब मेरी बारी है में ये दृश्य बहुत तनावपूर्ण था। अंगरक्षकों के साथ प्रस्थान अविस्मरणीय था। दर्शकों को पसंद आया।
बूढ़ी माँ अस्पताल बिस्तर पर लेटी थी और सब कुछ चुपचाप देख रही थी वहां। जमाल और पर्सी के बीच की लड़ाई उसके लिए तकलीफ देह होगी क्योंकि वो दोनों उसके बेटे हैं। परिचारिका भी गलियारे में चुपचाप देख रही थी सब। इस कार्यक्रम अब मेरी बारी है ने पारिवारिक नाटक को अगले स्तर पर पहुंचा दिया है। कांच तोड़ने वाला दृश्य शक्ति दिखाता है। बहुत अच्छा लगा।
पृथक्करण की घोषणा दस्तावेज़ पढ़ कर मुझे बहुत हैरानी हुई थी उस वक्त। जमाल ने कानूनी तौर पर अपने भाई से रिश्ता तोड़ लिया जो बहुत बड़ा फैसला है। ये सिर्फ नाटक नहीं बल्कि वास्तविक जीवन जैसा लगता है दर्शकों को। अब मेरी बारी है की कहानी की पटकथा बहुत मजबूत है। सूट पहने हुए आदमी ने भी भूमिका निभाई अच्छी। सबने देखा।
धूप के चश्मे पहन कर जमाल की चाल बहुत शैलीपूर्ण और शक्तिशाली थी वहां। अंगरक्षक पंक्ति में खड़े थे जो उसकी ताकत और रुतबा दिखाता है सबको। अस्पताल गलियारे में ये दृश्य बहुत सिनेमाई लगा मुझे। अब मेरी बारी है में ऐसे मोड़ उम्मीद नहीं थे। पर्सी की प्रतिक्रिया देखने को मिलनी चाहिए थी। बहुत आनंद आया।
साथ खड़ी लड़की चुपचाप सब कुछ देख रही थी और हैरान थी वहां। उसकी भावभंगिमा में उलझन और चिंता साफ दिख रही थी सबको। जमाल के फैसलों का उसपर क्या असर होगा ये रोचक है। अब मेरी बारी है में पात्र विकास अच्छी है। अस्पताल का वातावरण यथार्थवादी लगा मुझे। बहुत पसंद आया।
कांच तोड़ना बहुत प्रतीकात्मक था इस दृश्य में मेरे लिए। जमाल का गुस्सा नियंत्रण से बाहर था शायद उस वक्त। पर्सी के साथ पुरानी दुश्मनी साफ झलक रही थी उनके कार्यों में। अब मेरी बारी है ने ये दिखाया कि पैसा और शक्ति सब कुछ नहीं होता। माँ के स्वास्थ्य का भी ध्यान रखना चाहिए था। सबने देखा।
नेवी रंग का सूट वाला आदमी वकील लग रहा था जो वहां आया था। उसने जमाल को दस्तावेज़ दिया हस्ताक्षर करने के लिए मजबूर किया। सब कुछ योजना लगा हुआ था पहले से ही। अब मेरी बारी है की गति बहुत तेज है। हर दृश्य में कुछ नया होता है जो दर्शकों को बांध कर रखता है। बहुत अच्छा है।
माँ के चेहरे पर दर्द और मजबूरी दिख रहा था स्पष्ट रूप से। बेटा अपने भाई से रिश्ता तोड़ रहा है और वो देखती रह गई बस। भावुक दृश्य था जो दिल को छू गया मेरे। अब मेरी बारी है में ऐसे पल बहुत हैं। जमाल की आंखों में नमी थी पर उसने रोका। बहुत पसंद आया।
सेंट मैरी अस्पताल का वार्ड अच्छे से डिजाइन किया गया है सेट पर। उपकरण और मॉनिटर यथार्थवादी लगे जो विश्वसनीयता बढ़ाते हैं। जमाल का प्रवेश और निकास दोनों नाटकीय थे। अब मेरी बारी है निर्माण गुणवत्ता में कोई कमी नहीं है। देखने में बहुत पेशेवर लगता है ये सब। सबको पसंद आएगा।
अब आगे क्या होगा पर्सी की प्रतिक्रिया क्या होगा ये जानने की जिज्ञासा है। जमाल ने अंतिम निर्णय ले लिया है पर परिणाम होंगे जरूर। अब मेरी बारी है की अगली कड़ी चूक नहीं करूंगी मैं। अंगरक्षकों वाला दृश्य बहुत यादगार बन गया है मेरे लिए। बहुत अच्छा लगा।
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