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Ab Meri Baari Haiवां39एपिसोड

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Ab Meri Baari Hai

Knife prodigy Grayson ko uske apne hi bhai ne dhoka diya—6M profit chori kiya aur usse sadak par phenk diya! Grayson ne haar nahi maani aur theek saamne apna naya restaurant "Sea Mist" kholkar jung ka ailaan kar diya. Ek taraf Percy ka chalawa, aur dusri taraf Grayson ki elite skills. Kya Grayson apne khoye huye samman ko wapas paa sakega? Kitchen ki is dushmani mein ab ek naya hungama shuru hone wala hai!
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इस एपिसोड की समीक्षा

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सत्ता का असली खेल

इस शो में जो सत्ता का खेल दिखाया गया है वो वाकई दिलचस्प है। बुजुर्ग व्यक्ति का गुस्सा और युवा लड़के का धैर्य देखने लायक है। अब मेरी बारी है ने फिर से साबित कर दिया है कि बदला लेने का स्वाद कुछ और ही होता है। कमरे की सजावट और माहौल ने तनाव को और बढ़ा दिया है। मुझे यह कहानी बहुत पसंद आ रही है और मैं अगली कड़ी देखने के लिए बेताब हूं। हर पल में एक नया मोड़ आता है जो दर्शकों को बांधे रखता है। यह कहानी हमें सिखाती है कि धैर्य का फल मीठा होता है।

खून से सनी दस्तावेज

अंत में जो खून कागज पर गिरता है वो सीन बहुत ही हैरान करने वाला था। ऐसा लग रहा था कि किसी बड़े राज का खुलासा होने वाला है। अब मेरी बारी है की कहानी में हर किरदार की अपनी मजबूरी है। जिस लड़के को जमीन पर गिराया गया उसकी आंखों में दर्द साफ दिख रहा था। यह सीन मुझे लंबे समय तक याद रहेगा क्योंकि इसमें इमोशन बहुत गहरा था। निर्देशक ने कैमरा एंगल्स का बहुत अच्छा इस्तेमाल किया है। दर्शक इस दृश्य को देखकर सन्न रह जाते हैं और सोच में पड़ जाते हैं।

सफेद बालों वाला खलनायक

सफेद बालों वाला खलनायक। सफेद सूट वाले बुजुर्ग व्यक्ति का अभिनय लाजवाब था। उनकी आवाज में जो अधिकार था वो पूरे कमरे में महसूस किया जा सकता था। अब मेरी बारी है में ऐसे किरदार ही कहानी को आगे बढ़ाते हैं। जब वह गुस्से में उठे तो लगा कि अब कुछ बड़ा होने वाला है। उनके चेहरे के भाव बता रहे थे कि वे सब कुछ नियंत्रण करना चाहते हैं। ऐसे खलनायक किरदार दर्शकों को हमेशा पसंद आते हैं और नफरत भी। उनकी शक्ति देखकर डर लगता है।

काले कोट वाला नायक

काले कोट वाला नायक। काला गला बंद स्वेटर पहने हुए लड़के का व्यक्तित्व बहुत ही आत्मविश्वासी लग रहा था। वह बिना कुछ बोले ही अपनी बात मनवा रहा था। अब मेरी बारी है के इस भाग में उसकी जीत साफ दिख रही थी। उसकी आंखों में जो ठंडक थी वो किसी भी खलनायक को डरा सकती है। मुझे उसका अंदाज और बोलने का तरीका बहुत पसंद आया। वह जानता था कि कैसे खेलना है और कैसे जीतना है। उसकी चालाकी देखते ही बनती थी।

दस्तावेजों का राज

दस्तावेजों का राज। उस कागज पर क्या लिखा था यह जानने की उत्सुकता बढ़ गई है। शायद वही पेपर सब कुछ बदलने वाला था। अब मेरी बारी है में ऐसे रोमांचक मोड़ बहुत अच्छे लगते हैं। जब वह फाइलें हवा में उड़ीं तो लगा कि सब कुछ बिखर गया है। यह सीन बताता है कि कागज के टुकड़े भी जान ले सकते हैं। मुझे अगली कड़ी में इसका सच जानने की बहुत जिज्ञासा है। यह रहस्य बना रहे तो ही मजा है।

महल जैसा कमरा

महल जैसा कमरा। इस शो की मंच सजावट बहुत ही शानदार है। झूमर और पुराने चित्रों ने एक शाही लुक दिया है। अब मेरी बारी है की निर्माण गुणवत्ता बहुत उच्च स्तर की है। इतनी आलीशान जगह के बीच जब हिंसा होती है तो उसका असर दोगुना हो जाता है। आग की लपटें भी पृष्ठभूमि में बहुत अच्छी लग रही थीं। हर बारीकियों पर ध्यान दिया गया है जो एक अच्छी फिल्म की निशानी है। देखने में बहुत सुंदर लगता है।

जमीन पर गिरा हुआ व्यक्ति

जमीन पर गिरा हुआ व्यक्ति। जिस लड़के को जबरदस्ती नीचे गिराया गया उसकी हालत देखकर बुरा लगा। उसके चेहरे पर खून के निशान थे जो दर्दनाक थे। अब मेरी बारी है में ऐसे भावुक सीन दिल को छू लेते हैं। वह चीख रहा था लेकिन कोई उसकी मदद नहीं कर रहा था। यह सत्ता का खेल बहुत ही क्रूर तरीके से खेला जा रहा था। मुझे उम्मीद है कि वह बदला ले पाएगा और सच सामने आएगा। न्याय जरूर मिलना चाहिए।

तनाव से भरा माहौल

तनाव से भरा माहौल। पूरे कमरे में सन्नाटा था बस आग जलने की आवाज आ रही थी। अब मेरी बारी है के इस सीन में संवाद से ज्यादा क्रिया थी। जब बुजुर्ग व्यक्ति ने छड़ी उठाई तो सबकी सांसें रुक गईं। यह तनाव बनाए रखना आसान नहीं है लेकिन यहाँ बहुत अच्छे से किया गया है। दर्शक भी अपनी जगह पर बैठे रह जाते हैं और पर्दे से नजर नहीं हटा पाते। यह कला बहुत कम लोगों के पास होती है।

परिवार का झगड़ा

परिवार का झगड़ा। ऐसा लग रहा है कि यह सब एक ही परिवार के लोगों के बीच चल रहा है। रिश्तों में कड़वाहट साफ झलक रही थी। अब मेरी बारी है में पारिवारिक नाटक बहुत ही गहराई से दिखाया गया है। जब रिश्तेदार ही दुश्मन बन जाएं तो स्थिति बहुत खराब हो जाती है। महिलाएं भी चुपचाप सब देख रही थीं जो उनकी मजबूरी दिखाता है। यह कहानी समाज की एक कड़वी सच्चाई को भी बयां करती है। बहुत दुखद है।

अंत की ओर इशारा

अंत की ओर इशारा। यह सीन किसी बड़े समापन की शुरुआत लग रहा था। सब कुछ अब बदलने वाला है और पुरानी व्यवस्था टूटने वाली है। अब मेरी बारी है ने दर्शकों को एक नया मोड़ दिया है। खून की बूंद गिरना किसी श्राप की तरह लग रहा था। मुझे यह शो बहुत पसंद आ रहा है और मैं इसे सबको सुझाव दूंगा। ऐसे नाटक आजकल बहुत कम देखने को मिलते हैं जो दिल से जुड़ जाएं। जरूर देखें।