शुरुआत में ही वो दोनों इतनी तेज़ी से दौड़ते हुए आए कि लगा कोई बड़ा हादसा हो गया होगा, लेकिन जब बच्चों से मिले तो चेहरे पर जो राहत और प्यार था, वो देखकर दिल पिघल गया। छोटी परी जो समझे पशु भाषा वाले सीन में बच्ची का पापा के गले लगना बहुत इमोशनल था। माँ का बेटे को समझाना और फिर दूसरी औरत से बहस करना, सब कुछ इतना रियल लगा कि मैं भी उस हॉलवे में खड़ी महसूस कर रही थी।
लाल स्कर्ट वाली माँ का गुस्सा देखकर डर लग रहा था, लेकिन जब उसने अपने बेटे को समझाया तो पता चला कि वो सिर्फ उसकी सुरक्षा के लिए चिंतित थी। दूसरी औरत जो गुलाबी ड्रेस में थी, उसकी चालाकी साफ दिख रही थी। छोटी परी जो समझे पशु भाषा वाले एपिसोड में ये क्लियर हो गया कि असली माँ कौन है और कौन बस दिखावा कर रही है। बच्चों के चेहरे पर डर और कन्फ्यूजन बहुत अच्छे से दिखाया गया है।
सूट पहने हुए पापा जब अपनी बेटी को गोद में उठाते हैं, तो उनकी आँखों में जो चमक और राहत है, वो शब्दों में बयां नहीं की जा सकती। बच्ची का पापा के गले लगकर मुस्कुराना, ये सीन देखकर मेरी आँखें नम हो गईं। छोटी परी जो समझे पशु भाषा वाले सीन में ये रिश्ता और भी गहरा लगता है। लड़के का कन्फ्यूज्ड चेहरा और माँ का उसे समझाना, सब कुछ इतना नेचुरल है कि लगता है ये कोई स्क्रिप्ट नहीं, बल्कि असली जिंदगी का पल है।
जब गुलाबी ड्रेस वाली औरत ने माँ पर हमला किया, तो लगा कि ये सिर्फ एक झगड़ा नहीं, बल्कि किसी बड़े राज का खुलासा है। माँ का गुस्से में चिल्लाना और फिर शांत होकर बेटे को समझाना, ये उसकी मजबूती दिखाता है। छोटी परी जो समझे पशु भाषा वाले सीन में ये साफ हो जाता है कि असली माँ कौन है। बच्चों के बीच का तनाव और वयस्कों की बहस, सब कुछ इतना इंटेंस है कि सांस रुक जाती है।
लड़की की चोटियां और गुलाबी बैग, लड़के की नीली टाई और हरे बैग, इनकी मासूमियत देखकर दिल खुश हो जाता है। जब पापा बेटी को गोद में उठाते हैं, तो उसकी मुस्कान सब कुछ कह जाती है। छोटी परी जो समझे पशु भाषा वाले सीन में ये रिश्ता और भी प्यारा लगता है। लड़के का कन्फ्यूज्ड चेहरा और माँ का उसे समझाना, ये सब कुछ इतना रियल है कि लगता है ये कोई फिल्म नहीं, बल्कि असली जिंदगी का पल है।