मोटे अंकल की खुशी देखकर लग रहा है कि वो सत्ता के नशे में पूरी तरह से चूर हैं। उन्होनें बहुत गर्व से कह दिया कि वफ़ा राज्य अब उनकी मुट्ठी में है। लेकिन क्या वाकई सब कुछ इतना आसान होगा? महारानी चंद्रावती की आँखों में गुस्सा साफ़ तौर पर दिख रहा था। (डबिंग) जब महारानी बनी सौतेली माँ में ऐसे सीन देखकर रोंगटे खड़े हो जाते हैं। पावर गेम बहुत तेज़ी से चल रहा है।
पंखा वाले आदमी की चालाकी और होशियारी देखते ही बनती है। वो महारानी से शादी करके सम्राट का रिश्तेदार बनना चाहता है। उसे लगता है कि सब कुछ उसकी मुट्ठी में है। लेकिन इतिहास गवाह है कि लालच इंसान को हमेशा अंधा कर देता है। (डबिंग) जब महारानी बनी सौतेली माँ की कहानी में ये साजिशें बहुत गहराई से दिखाई गई हैं। मुझे ये किरदार बहुत पसंद आया।
लाल साड़ी वाली महारानी चुप हैं लेकिन उनकी खामोशी शोर मचा रही है। उन्होनें जब कहा बकवास मत करो, तो लग गया कि वो आसान नहीं हैं। प्रधानमंत्री विश्वनाथ के बेटे की शादी की बात चल रही है। (डबिंग) जब महारानी बनी सौतेली माँ में औरतों के किरदार बहुत मज़बूत दिखाए गए हैं। आगे क्या होगा ये देखना बाकी है।
पिता की मौत के बाद सौंपी गई ज़िम्मेदारी का हवाला देकर वो शादी तय करना चाहते हैं। ये भावनात्मक ब्लैकमेलिंग बहुत तेज़ थी। मोटे अंकल को लगता है वो सब कुछ कंट्रोल कर सकते हैं। (डबिंग) जब महारानी बनी सौतेली माँ में परिवार के रिश्तों को बहुत बारीकी से दिखाया गया है। डायलॉग बाज़ी कमाल की है।
दोस्तों ये सीन देखकर मैं हैरान रह गया। एक तरफ़ खुशी का नाटक है तो दूसरी तरफ़ गहरी साजिश। पंखा वाले ने कहा वो मामा कहलाएंगे। ये अहंकार कब टूटेगा? (डबिंग) जब महारानी बनी सौतेली माँ में हर किरदार के अपने मकसद हैं। मुझे ये ड्रामा बहुत पसंद आ रहा है नेटशॉर्ट पर।
वफ़ा के शाही परिवार की बातें करते हुए ये लोग भूल गए कि असली ताकत किसके पास है। मोटे अंकल की हंसी में छिपा है खतरा। उन्होनें कहा सबसे कातिल लड़की वो है। (डबिंग) जब महारानी बनी सौतेली माँ में सस्पेंस बना हुआ है। कौन जीतेगा ये जुआ? ये देखना बहुत दिलचस्प होगा।
सेट डिज़ाइन और कपड़े बहुत शानदार हैं। प्राचीन काल का माहौल बखूबी बनाया गया है। लेकिन कहानी में जो धोखा है वो आज भी प्रासंगिक है। प्रधानमंत्री विश्वनाथ के बड़े बेटे की शादी की प्लानिंग चल रही है। (डबिंग) जब महारानी बनी सौतेली माँ की विजुअल्स बहुत आँखों को सुकून देती हैं। मुझे ये क्वालिटी बहुत पसंद है।
जब तुम्हारे पिता गुजरे थे तब की बात छेड़ दी। ये इमोशनल कार्ड बहुत भारी था। लड़की चुपचाप सुन रही थी लेकिन उसकी आँखें सब बता रही थीं। क्या वो इस शादी के लिए राजी होगी? (डबिंग) जब महारानी बनी सौतेली माँ में इमोशनल सीन बहुत दिल को छू लेते हैं। मैं अगला एपिसोड देखने के लिए बेताब हूं।
सम्राट से रिश्तेदार बनने का सपना देखने वाला ये आदमी कितना नादान है। उसे नहीं पता कि महल की दीवारों के कान होते हैं। उसने पंखा हिलाते हुए अपनी योजना बताई। (डबिंग) जब महारानी बनी सौतेली माँ में राजनीति बहुत गहरी दिखाई गई है। हर डायलॉग के पीछे एक मतलब छिपा है।
अंत में वो कहते हैं कि वफ़ा राज्य उनकी मुट्ठी में आ जाएगा। ये अहंकार ही उसकी गिरावट का कारण बनेगा। महारानी चंद्रावती से विवाह करके वो बड़ा बनना चाहता है। (डबिंग) जब महारानी बनी सौतेली माँ में अहंकार और सत्ता का खेल बहुत अच्छे से दिखाया गया है। ये शो जरूर देखें।